बहन चुदी अपने मालिक से (Behan chudi apne malik se)

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दोस्तों मेरा नाम रामपाल है। मैं यूपी का रहने वाला हूं। मेरी उमर 20 साल है, और मैं एक फैक्ट्री में पैकिंग का काम करता हूँ। मैं इस साइट पर काफ़ी वक़्त से कहानियाँ पढ़ रहा हूँ। आज मैं अपना व्यक्तिगत अनुभव आप सबको बताना चाहता हूँ। तो चलिए शुरू करते हैं।

मेरे परिवार में मेरे अलावा मां और बहन हैं। बाप मेरा 8 साल पहले मार चुका है। दारू पी कर साइकिल चला रहा था, एक ट्रक में लग कर मर गया। वैसे भी वो किसी खास काम का नहीं था। हमेशा घर में सब की पिटाई करता रहता था।

मेरी माँ घरों में काम करके घर चलती थी। जब बाप की मौत हुई तो बहन भी घरों में काम करने लगी। मेरी बहन का नाम कल्पना है। वो मुझसे 3 साल बड़ी है। रंग उसका सवाल है, लेकिन फिगर मस्त है। वो ज्यादा लेगिंग्स-कमीज पहनती है, जिसमें उसके जिस्म के सारे कर्व्स दिखते हैं। उसका फिगर होगा तकरीबन 32-26-34।

इस कहानी में मैं आपको बताऊंगा कि कैसे मुझे पता चला कि मेरी बहन कितनी चालू है। ये बात 6 महीने पहले की है। मैंने नोटिस करना शुरू किया, कि आज कल मेरी बहन नए-नए कपड़े पहन कर काम पर जाया करती थी। उसके जूते भी नये होते थे। एक दिन मैंने उससे इस बारे में पूछा तो उसने कहा कि उसकी मालकिन के पुराने कपड़े हैं। लेकिन मुझे विश्वास नहीं हुआ।

फिर एक दिन मैं अपनी गली के मोड़ पर खड़ा था। तभी वहां से एक गाड़ी निकली। मैंने देखा कि उस गाड़ी में से कल्पना बाहर आ रही थी। उसको देख कर मैं हैरान हो गया। जब उसने मुझे देखा, तो वो घबरा गई। मैं समझ गया कि दाल में कुछ काला था। इसलिए मैंने उससे पूछा-

मैं: ये किसकी गाड़ी थी?

कल्पना: मालिक की गाड़ी थी। इधर की तरफ से उनको कहीं जाना था, तो मुझे छोड़ दिया।

मैंने आगे कुछ नहीं पूछा, लेकिन मुझे और ज्यादा शक होने लगा। ऐसे ही कुछ दिन बीत गए। फिर एक दिन सुबह-सुबह मैंने कल्पना को किसी से बात करते सुना। जब मैं उसके पास गया तो उसने फोन कट कर दिया। मैंने सोचा कि अब तो कुछ करना ही पड़ेगा। फिर जब वो नहाने गई, तो मैंने उसका फोन चेक किया। जिस चीज़ का डर था, वही हुआ। उसने अपने किसी यार को अपनी न्यूड तस्वीरें भेजी थी। उसकी नंगी तस्वीरें इतनी सेक्सी लग रही थी, कि मेरा भी लंड खड़ा हो गया।

लेकिन मेरे दिमाग पे बोझ भी पड़ गया। क्योंकि अगर वो कुछ गलत करती, तो मुझे उसका भुगतान करना पड़ता था। फिर मैंने उसका पीछा करने का सोचा। मैं जानना चाहता था कि वो काम के अलावा और कहां-कहां जा रही थी। जब वो सुबह काम के लिए निकली, तो मैं भी दूरी बना कर उसके पीछे चल दिया।

वो सीधे अपने मालिक के घर गई। मुझे लगा अपने यार से मिलना नहीं हुआ होगा आज। ऐसे ही मैंने 10 दिन तक कल्पना का परिचय दिया, लेकिन मुझे कुछ पता नहीं चला। मैंने सोचा कि ऐसा कैसा हो सकता था। एक दिन ऐसा ही मैं कल्पना का पीछा कर रहा था। वो दिन भी अपने मालिक के घर गई। फिर मैं वहां बाहर खड़ा हो कर सिगरेट पीने लगा।

मैं सिगरेट पी ही रहा था कि मेरी नज़र कोठी की खिड़की पर चली गई। और जो मैंने खिड़की से देखा, उसको देख कर मेरी आंखें खुली की खुली रह गई। मैंने देखा कि कल्पना को उसका मालिक अपनी बाहों में ले रहा था, और उसको किस्स कर रहा है। ये देख कर मैं सब समझ गया, कल्पना का चक्कर किसके साथ चल रहा था।

तभी वो विंडो से साइड हो गए। मुझे और देखना था, तो मैं पीछे की दीवार फांद कर अंदर चला गया। अब वो लोग हमारे पास विंडो के पास नहीं थे। फिर मैं बेडरूम की खिड़की के पास गया तो देखा वो लोग बेडरूम में आ चुके थे। कल्पना का मालिक एक 40 साल का आदमी था। उसने मेरी बहन को बाहों में लिया हुआ था, और उसका प्यार चूस रहा था। साथ में बहन की गांड दबा रहा था।

फ़िर उसने होंठों को छोड़ा और बहन की गर्दन छूने लगा। बहन सिसकियाँ भर रही थी। उसके बाद मालिक ने बहन को बिस्तर पर लिटाया और अपने कपड़े उतारने लगे। देखते ही देखते वो पूरे नंगे हो गए। अब उनका सांप जैसा लंड साफ दिख रहा था। मेरी बहन लंड देख कर खुश हो रही थी।

फ़िर मालिक बिस्तर पर बहन के ऊपर आये, और उसकी लेगिंग निकलने लगे। बहन ने नीचे काली पैंटी पहनी थी। पहले मालिक ने उसकी जाँघों को मसला और उनको छूने लगे। उन्होंने जांघे चूमते हुए उसकी पैंटी उतार दी। अब मेरी बहन की चूत मेरी आँखों के सामने थी। उसकी चूत बिल्कुल चिकनी थी, और गीली हुई पड़ी थी। फिर मालिक ने बहन की चूत पर मुँह लगाया और उसको चाटने लगे। बहन आहें भरने लगी, और गांड उठा-उठा कर चूत चटाई का मजा लेने लगी।

कुछ देर चूत चाटने के बाद मालिक ने बहन को ऊपर से भी नंगी कर दिया। अब बहन पूरी नंगी थी। उसकी चूचियाँ टाइट हुई पड़ी थी, और बहुत सेक्सी लग रही थी। मलिक ने उसकी चूचियों पर अपना मुँह लगा कर उनको चूसना शुरू कर दिया। बहन आहें भरे जा रही थी। फिर मालिक ने अपना लंड बहन की चूत पर सेट किया, और अंदर ढकने लगे।

बहन आह्ह आह्ह करने लगी, और लंड गीली चूत के अंदर घुस गया। देखते ही देखते लंड पूरा चूत के अंदर चला गया। अब बहन उस आदमी के नीचे कराह रही थी, लेकिन एक बार भी उसने उनको रुकने के लिए नहीं बोला। मलिक अब बहन के स्तन चूसने लगे, और नीचे से धक्के मार कर उसकी चूत चुदाई करने लगे। बहन पूरे मजे ले रही थी अब।

कुछ देर इसी पोजीशन में चुदाई के बाद बहन मलिक के ऊपर आई, और उनका लंड चूत में लेके उछल-उछल कर चूत चुदवाने लगी। साथ में वो अपने स्तन दबाने लगी। ऐसा लग रहा था जैसे वो कोई प्रोफेशनल रंडी हो। कुछ देर उछलते-उछलते फिर वो निढाल हो कर गिर गई मालिक के ऊपर ही। मैं समझ गया वो झड़ चुकी थी। फिर उसने लंड चूस कर मालिक का पानी निकाला, और मालिक ने उसको पैसे दिए।

शायद 2000 रुपये मिले उसको। फ़िर वो कपड़े पहन कर कमरे से निकल गयी। मैं समझ गया कि उसके नये कपड़े और बाकी सामान कहां से आ रहा था। वो चूत देकर मजे कर रही थी।

अब मैं उसको बोलता भी क्या, क्योंकि चूत तो फट ही चुकी थी। तो इस बात को मैंने दिल में ही दबा दिया। कहानी कैसी लगी [email protected] पर फीडबैक दे।

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